Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Baba Sodal Mela Security Plan: 25 सितंबर को लगेगा बाबा सोढल मेला; सीसीटीवी, बम व डॉग स्क्वाड संभालें... BJP Punjab Drug Free Rally: 'पंजाब के भविष्य की दिशा तय करेगी यह रैली'; अशोक सरीन हिक्की ने 50 एकड़ ... BJP Organizational Appointments: बीजेपी ने पंजाब और चंडीगढ़ के प्रभारी-सह प्रभारी किए नियुक्त; देखें... Poonch Security Alert: पुंछ में एलओसी से सटे गांवों में मिलीं 3 लैंडमाइन; सुरक्षाबलों का सर्च ऑपरेशन... Jodhpur Chemical Factory Fire: जोधपुर में केमिकल फैक्ट्री में भीषण आग के बाद ब्लास्ट; आग बुझाने में ... IIT Bombay Student Suicide: परीक्षा केंद्र का CCTV फुटेज आया सामने; साहिल वाकोडे मामले में बड़ा खुला... Bhoramdeo Sugar Factory Award: भोरमदेव सहकारी शक्कर कारखाने को लगातार दूसरी बार मिला 'नेशनल एफिशिएंस... Jashpur News: जशपुर पुलिस की मिसाल! दिवंगत आरक्षक देव नारायण सिंह के पुत्र को मिला आरक्षक पद का नियु... Korba Crime News: जमीन विवाद में बुजुर्ग चाचा की कुल्हाड़ी मारकर हत्या; अगले ही दिन पत्थर से कुचलकर ... Balod Electricity News: बिना सूचना कट रहे पंचायत कनेक्शन; बालोद में बारिश के बीच सरपंच संघ का बड़ा प...

राजधानी असुरक्षित? दिल्ली में मर्डर-चोरी के मामलों में बढ़ोतरी

30

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) ने सोमवार को भारत में क्राइम का आंकड़ा साझा किया है. इसके मुताबिक, साल 2022 की तुलना में 2023 में राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में अपराध में लगभग 8% की वृद्धि देखी गई. 2023 में, भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) के तहत 3.23 लाख मामले दर्ज किए गए, जबकि पिछले साल यह संख्या 2.98 लाख थी.

जानकारी के मुताबिक, साल 2023 में IPC के तहत दर्ज किए गए सबसे अधिक अपराध मामलों के मामले में भारत के 19 महानगरीय शहरों में दिल्ली शीर्ष पर है. आईपीसी के तहत 3.23 लाख मामलों के पंजीकरण का मतलब है कि शहर में प्रति लाख जनसंख्या पर लगभग 1,983.1 अपराध हुए. यही नहीं, दिल्ली में 28.7 प्रतिशत के साथ सभी महानगरों में आरोप-पत्र दाखिल करने की दर सबसे कम रही.

हिंसक अपराधों में साल 2023 में 11,014 से मामूली गिरावट देखी गई. जबकि, साल 2022 में 11,369 की गिरावट देखी गई. हिंसक अपराधों में, हत्या के लगभग 500 मामले दर्ज किए गए, जबकि हत्या के प्रयास के 753, गंभीर रूप से घायल करने के 371 और दहेज हत्या के 114 मामले दर्ज किए गए. इसके अलावा, अपहरण और व्यपहरण के कुल 5,681 और डकैती के 1,644 मामले दर्ज किए गए.

किन-किन कारणों से की गई हत्याएं

मर्डर केस की बात करें तो, साल 2022 में 501 मामलों की वृद्धि देखी गई. 2023 में 503 तक वृद्धि देखी गई. आंकड़ों से पता चला कि अधिकांश हत्या के मामले व्यक्तिगत दुश्मनी/व्यक्तिगत विवाद, अवैध संबंध, प्रेम प्रसंग या डकैती और लूट या मौद्रिक विवाद के कारण किए गए थे.

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि ज्यादातर हत्याओं के मामलों में अपराध गुस्से में आकर किया गया. एक अधिकारी ने कहा- ज्यादातर मामलों में अचानक उकसावे की वजह से अपराध हुए और कुछ तो शराब के नशे में भी किए गए.

चोरी के मामले में भी दिल्ली सबसे आगे

चोरी के मामले में भी, दिल्ली सबसे आगे रही. यहां 2023 में दो लाख से ज्यादा मामले दर्ज किए गए. मोटर वाहन (एमवी) चोरी के सबसे ज्यादा मामले, लगभग 40,000 अकेले दिल्ली में दर्ज किए गए. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि चोरी की घटनाओं में वृद्धि का एक कारण ऑनलाइन ई-एफआईआर (E-FIR) की व्यवस्था भी है. एक पुलिस अधिकारी ने कहा- कभी-कभी, अन्य राज्यों के लोग भी ऑनलाइन चोरी या एमवी एक्ट का मामला ऑनलाइन दर्ज कराते हैं, जिससे संख्या बढ़ जाती है. क्योंकि यह आसान और सुलभ है.

वरिष्ठ नागरिकों के खिलाफ बढ़े क्राइम

आंकड़ों में वरिष्ठ नागरिकों के खिलाफ अपराध में भी वृद्धि देखी गई. 2022 में जहां ऐसे 1,313 मामले दर्ज किए गए, वहीं 2023 में यह आंकड़ा बढ़कर 1,361 हो गया. दिल्ली पुलिस के हर थाने में एक समर्पित वरिष्ठ नागरिक प्रकोष्ठ है, जो अकेले रहने वाले बुजुर्गों की जांच करता है. साप्ताहिक जांच के अलावा उन्हें उनके जन्मदिन पर बधाई भी देता है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.