Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Firozabad Electricity Theft Case: 20 साल चली कानूनी लड़ाई और जीत गया बेगुनाह, फिरोजाबाद कोर्ट ने बिज... Valsad Road Accident: गुजरात के वलसाड में भीषण सड़क हादसा, कार और ट्रक की जोरदार टक्कर में 7 लोगों क... इंसानियत शर्मसार! डार्क वेब पर मासूमों का सौदा करने वाले पति-पत्नी को फांसी, 47 देशों तक फैला था गंद... Udhampur Police Action: उधमपुर में ड्रग पैडलर पर बड़ी कार्रवाई, NDPS एक्ट के तहत 1 करोड़ की संपत्ति ... Bengaluru Crime News: महिला टेक्नीशियन के मर्डर केस में सनसनीखेज खुलासा, पड़ोसी ने हत्या के बाद लाश ... दौसा मर्डर मिस्ट्री: जब पुलिस के हाथ खाली थे, तब एक बच्चे ने खोल दी गैंगरेप और कत्ल की पूरी पोल; रों... इंदौर की सोनम से भी शातिर निकली रांची की नीतू! सुपारी किलर से कराई पति की हत्या, ऐसे खुली इस 'कातिल ... "सलीम सुरेश बनकर नहीं कर पाएगा शादी!" पहचान छिपाकर निकाह करने वालों पर गुजरात सरकार का बड़ा एक्शन, क... IMD Weather Update: पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में बढ़ेगा पारा, मौसम विभाग की नई चेतावनी ने बढ़ाई टे... बड़ी चेतावनी: चांदनी चौक का मंदिर आतंकियों के निशाने पर! दिल्ली में बड़े हमले की फिराक में लश्कर, हा...

भोपाल में नए कानून BNS में पहली एफआईआर दर्ज, जानिए क्या हुआ बदलाव, अब कैसे एक्शन लेगी पुलिस

13

भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के हनुमानगंज थाने में नए कानून भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की तहत पहली एफआईआर गाली गलौज की धारा 296 में दर्ज की गई। इस प्रकार की घटना होने पर पहले आईपीसी की धारा 294 के तहत मामला दर्ज होता था।

नए कानून में इस धारा में तीन महीने का कारावास या जुर्माना भी लगा सकता है। इसके साथ दोनों के तहत सजा दे सकती है। इस प्रकार के प्रकरण में सिर्फ धारा बदली है, सजा करीब-करीब बराबर ही है।

रात 12.05 मिनट की है घटना

हनुमानगंज गंज पुलिस के मुताबिक ईसरानी मार्केट थाना हनुमानगंज निवासी 40 वर्षीय प्रफुल्ल पिता जय नारायण चौहान ने शिकायत की थी वह सामातंर कट प्वाइंट से गुजर रहे थे। उस समय राजा उर्फ हरभजन ने उसके साथ गाली गलौच कर मारपीट की। घटना एक जुलाई रात 12 बजकर 5 मिनट की थी। इस पर पुलिस ने आरोपित पर भारतीय न्याय संहिता के धारा 296 में एफआईआर दर्ज कर ली है।

इस मामले की जांच अधिकारी एसआई विवेक शर्मा ने बताया कि इस घटना में पहले आइपीसी 294 में एफआईआर होती थी। अब नई धारा 296 में एफआइआर दर्ज की गई है। इसमें एफआईआर जब्ती कुछ नहीं हुई है, इसलिए ऑडिया और वीडियो अपलोड नहीं किए गए थे। इस धारा में सजा का प्रावधान पहली की तरह ही है, ज्यादा कुछ बदलाव नहीं है।

नए कानून बीएनएस में यह है सजा का प्रावधान

धारा 296 में दोषी को एक अवधि के लिए कारावास की सजा सुनाई जा सकती है। कारावास को तीन महीने तक बढ़ाया जा सकता है। दोषी पर इसके अलावा जुर्माने लगाया जा सकता है, जिसे एक हजार रुपए तक बढ़ाया जा सकता है। दोषी को इसमें कारावास के साथ जुर्माने की सजा से भी दंडित किया जा सकता है।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.