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बंगाल की खाड़ी में नई प्रणाली से 11 जून तक छिटपुट बारिश के आसार

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 जबलपुर। मौसम विज्ञान केंद्र प्रभारी देवेंद्र कुमार तिवारी के अनुसार दक्षिण पश्चिमी मानूसन तेजी से आगे बढ़ रहा है। यह कर्नाटक, रायलसीमा, दक्षिण महाराष्ट्र और दक्षिण छत्तीसगढ़ तक पहुंच चुका है। इसके प्रभाव से नगर में प्री मानूसनी गतिविधियां आरंभ हो गई है। गुरुवार को नगर और आसपास के क्षेत्र में छिटपुट बूंदाबांदी हो सकती है। कुछ देर के लिए आंधी जैसी तेज हवा चल सकती है। यह स्थिति अभी 11 जून तक बने रहने का अनुमान है।

बंगाल की खाड़ी में नई प्रणाली से होगी वर्षा

 

मौसम विज्ञानी देवेंद्र कुमार तिवारी ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में दो से तीन दिन में एक कम दबाव का क्षेत्र विकसित होने का अनुमान है। यह नई प्रणाली तीन से चार दिन में ओडिशा, झारखंड और छत्तीसगढ़ तक पहुंच सकती है। हवा की साथ मिलने और नई प्रणाली की क्षमता बने रहने से 15 से 16 जून के मध्य जबलपुर संभाग में मानूसन प्रवेश कर सकता है। सामान्य रुप से डिंडोरी, मंडला, बालाघाट के रास्ते नगर तक मानूसन आने की संभावना है।

 

द्रोणिका के नगर के ऊपर से निकलने से बादलों की चहलकदमी

राजस्थान से लेकर बंगाल की खाड़ी तक बनी द्रोणिका के नगर के ऊपर से निकलने से बादलों की चहलकदमी बनी है। बादलों के मंडराने से सूर्य को सुर्ख होने का अधिक अवसर नहीं मिल रहा। गत कई दिन की अपेक्षाकृत दोपहर में धूप की तपिश कुछ कम रही। लेकिन उमस-गर्मी बनी रही। द्रोणिका और पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव नगर के तापमान पर भी पड़ा। मंगलवार के अपेक्षाकृत बुधवार को पारे में 1.7 डिग्री की गिरावट है। तापमान सामान्य के बराबर रिकार्ड किया गया है।

 

उत्तर-पश्चिम हवा पांच से छह किलोमीटर प्रतिघंटा की गति से

 

अधारताल स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार बुधवार को अधिकतम तापमान 40.5 डिग्री और न्यूनतम तापमान 29.0 डिग्री रिकार्ड किया गया है। दोनों स्तर पर तापमान मंगलवार (अधिकतम 41.2 व न्यूनतम 29.7) के अपेक्षाकृत कम रहा। गत वर्ष को पांच जून को अधिकतम तापमान 40.3 और न्यूनतम तापमान 24.3 डिग्री था। बुधवार को नगर में आर्दता सुह के समय 45 और शाम को 27 थी। उत्तर-पश्चिम हवा पांच से छह किलोमीटर प्रतिघंटा की गति से चली।

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