Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
Iran-Israel War Impact: ईरान युद्ध के कारण बढ़ सकते हैं पानी और कोल्ड ड्रिंक की बोतलों के दाम; भारतीय... मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का बड़ा फरमान: "मुसलमानों के लिए इस्लामी उत्तराधिकार कानून अनिवार्य"; संपत्ति... विकसित भारत 2047: हरियाणा बनेगा देश का 'ग्रोथ इंजन'! उद्योग और युवाओं के कौशल पर सरकार का बड़ा दांव;... दिल्ली-देहरादून हाईवे पर 'आपत्तिजनक नारा' लिखना पड़ा भारी! दो युवतियों समेत 3 गिरफ्तार; माहौल बिगाड़ने... सावधान! दिल्ली में 48 घंटे बाद बरसेगा पानी, यूपी-राजस्थान में 'तूफान' जैसी हवाओं का अलर्ट; IMD ने पह... आगरा में 'जहरीली गैस' का तांडव! कोल्ड स्टोरेज से रिसाव के बाद मची भगदड़, जान बचाने के लिए खेतों की त... Bus Fire News: जैसलमेर से अहमदाबाद जा रही स्लीपर बस में लगी भीषण आग, एक यात्री झुलसा; खिड़कियों से क... कश्मीर में VIP सुरक्षा पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! फारूक अब्दुल्ला पर हमले के बाद हिला प्रशासन; अब बुलेटप... ईरान की 'हिट लिस्ट' में Google, Apple और Microsoft? अब टेक कंपनियों को तबाह करेगा तेहरान; पूरी दुनिय... दिल्ली में 'Zero' बिजली बिल वालों की शामत! खाली पड़े घरों की सब्सिडी छीनने की तैयारी; क्या आपका भी बं...

बीते एक साल में सोने ने कराई सबसे ज्यादा कमाई, जानिए क्या है पूरी सच्चाई

25

वित्तीय वर्ष 2023-24 (अप्रैल-मार्च) एक हफ्ते में खत्म होने वाला है. अगर बात गोल्ड की करें तो सोने का अब तक का रिटर्न महंगाई से लगभग दोगुना करीब 11 फीसदी का है. हालांकि, इसी अवधि में चांदी का रिटर्न मात्र 3.2 फीसदी देखने को मिला. इंटरनेशनल मार्केट में सोना और चांदी दोनों ने अपने कंप्टीटर्स से बेहतर प्रदर्शन किया है. वित्त वर्ष 2024 में अब तक कॉमेक्स पर पीली धातु की कीमत में 10 फीसदी का इजाफा और चांदी में 1.8 फीसदी की बढ़ोतरी देखने को मिली है. भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के अनुमान के मुताबिक, चालू वित्त वर्ष के लिए खुदरा महंगाई 5.4 फीसदी आंकी गई है.

गोल्ड के लिए नहीं रहा सबसे बेहतर साल

रिटर्न के मामले में, मौजूदा वित्त वर्ष सोने के लिए सबसे अच्छा साल नहीं है. गोल्ड ने बीते दो दो वित्तीय वर्षों में बेहतर रिटर्न दिया है. वित्त वर्ष 2023 में गोल्ड ने 15.2 फीसदी का रिटर्न दिया था. वित्त वर्ष 2022 में सोने की कीमत में 15.6 फीसदी की बढ़ोतरी देखने को मिली थी. वित्त वर्ष 2012 से सोने के रिटर्न को देखने पर पता चलता है कि एमसीएक्स गोल्ड द्वारा सबसे अधिक रिटर्न वित्त वर्ष 2021 में देखने को मिला था, जब सोने की कीमत में 36.3 फीसदी की बढ़ोतरी देखने को मिली थी. उसके बाद वित्त वर्ष 2020 में 35.5 फीसदी रहा है. इन सालों में तीन वित्त वर्ष ऐसे रहे जिनमें गोल्ड ने निवेशकों को नेगेटिव रिटर्न दिया. गोल्ड पर निवेशकों को सबसे ज्यादा नुकसान वित्त वर्ष 2015 में देखने को मिला था. उस साल गोल्ड की कीमत में 8.2 फीसदी की गिरावट देखने को मिली थी. कॉमक्स गोल्ड ने वित्त वर्ष 2020 में उच्चतम रिटर्न 22 फीसदी, वित्त वर्ष 2012 में 16 फीसदी और वित्त वर्ष 2021 में 13.5 फीसदी दिया गया.

चांदी का कैसा रहा प्रदर्शन

अगर बात चांदी की करें तो वित्त वर्ष 2021 में सबसे अधिक 61.5 फीसदी का रिटर्न देखने को मिला. इसके बाद वित्त वर्ष 2017 में 15.2 फीसदी का रिटर्न मिला. वित्त वर्ष 2012 और वित्त वर्ष 2024 के बीच, एमसीएक्स चांदी ने सात मौकों पर पॉजिटिव रिटर्न दिया है. बाकी 6 मौकों पर नेगेटिव रिटर्न दिया है. वित्त वर्ष 2017 में चांदी में सबसे ज्यादा 19.3 फीसदी का नुकसान उठाना पड़ा. उसके बाद वित्त वर्ष 2015 में 13.2 फीसदी का नुकसान उठाना पड़ा था. कॉमेक्स सिल्वर ने सिर्फ 4 मौकों पर पॉजिटिव रिटर्न दिया है. जिसमें वित्त वर्ष 2021 में 74.7 फीसदी का रिटर्न सबसे ज्यादा है. वित्त वर्ष 2014 में, कॉमेक्स चांदी की कीमतों में 30 फीसदी से ज्यादा की गिरावट देखने को मिली है.

मार्च में बनाया था लाइफ टाइम हाई

मार्च के महीने में गोल्ड ने मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर लाइफ टाइम हाई पर पहुंच गया था. एमसीएक्स के आंकड़ों के अनुसार गोल्ड के दाम 21 मार्च को 66,943 रुपए प्रति दस ग्राम पर पहुंच गए थे. पिछले हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन गोल्ड के दाम 65,858 पर बंद हुए थे. इसका मतलब है कि गोल्ड के दाम लाइफ टाइम हाई से करीब 1100 रुपए कम हो चुके है. मौजूदा महीने में गोल्ड की कीमत में 5 फीसदी से ज्यादा का इजाफा देखने को मिल चुका है. मौजूदा साल की बात करें सोने की कीमत में 3.66 फीसदी की बढ़ोतरी देखने को मिल चुकी है.

क्या कहते हैं जानकार

एचडीएफसी सिक्योरिटीज में कमोडिटी और करेंसी हेड अनुज गुप्ता का अनुमान है कि अगले बारह महीनों में एमसीएक्स पर सोना 67,000-67,500 रुपए के लेवल पर पहुंच जाएगा, जबकि कॉमेक्स पर हाजिर सोने की कीमतें 2,250-2,300 डॉलर के स्तर पर पहुंचने की उम्मीद है. हालांकि, गुप्ता ने कहा कि हालिया रैली के बाद निकट अवधि में मामूली सुधार से इनकार नहीं किया जा सकता है. जहां तक चांदी की बात है, तकनीकी सेटअप से संकेत मिलता है कि 27 डॉलर से ऊपर निर्णायक ब्रेकआउट होने तक व्यापक रेंज में कारोबार जारी रहेगा.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.