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खेत में विचरण करते दिखा बाघ, किसानों में दहशत

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 बालाघाट, किरनापुर। दक्षिण सामान्य वन परिक्षेत्र किरनापुर के ग्राम लोंडागी से जोधीटोला अंतर्गत कक्ष क्रमांक 224 के खेतों में सोमवार को सुबह साढ़े आठ बजे एक बाघ विचरण करते हुए दिखा। बाघ दिखने से किसानों में दहशत का माहौल व्याप्त हो गया और उन्होंने खेतों की ओर जाना बंद कर दिया।

इन दिनों खेतों में निदाई गुड़ाई का कार्य तेजी से चल रहा है और इसके अलावा अनेक किसान सुबह ही खेतों में पानी देखने के साथ ही घास काटने पहुंच जाते हैं। इसी दौरान कुछ किसानों को खेत में बाघ विचरण करते दिखा। इसके बाद से आसपास के खेतों के किसान जमा हो गए। किसानों ने सबसे पहले इसकी जानकारी वन विभाग किरनापुर को दी गई। शोर करने पर बाघ खेत से होकर जंगल की तरफ भाग गया। इधर वन विभाग ने खेतों में सतर्क रहने के निर्देश किसानों को दिए है।

खेत में बाघ देखा तो सभी काम छोड़कर बाहर आ गए

दक्षिण सामान्य वन परिक्षेत्र किरनापुर के पूरे जंगल हट्टा से लगे होने के चलते इन जंगलाें में बाघ, तेंदुए, बायसन, सांभर, चीतल, भालू के अलावा अन्य वन्यप्राणी बहुतायत में पाए जाते हैं। जो विचरण करते हुए खेतों तक आ जाते है। सोमवार को भी कुछ ऐसा ही हुआ। जब खेत में किसानों ने बाघ देखा तो उनके सभी काम जैसे के वैसे रह गए और वे खेत छोड़कर बाहर आ गए।

छलांग लगाई और सड़क पार करके दूसरे खेत से जंगल तरफ चला गया

बाघ ने किसी पर हमला नहीं किया और शोर करने की वजह से छलांग लगाकर सड़क पार करके दूसरे खेत से जंगल तरफ चला गया। किसानों का कहना है कि बाघ जंगल से होकर खेत तरफ आ रहा है, इसीलिए वन विभाग को चाहिए कि इस क्षेत्र में गश्त करते रहे। ताकि किसी तरह से कोई घटना होने से बच सके। वन विभाग के गश्ती दल द्वारा मौके पर पहुंचकर बाघ के मूवमेंट का पता लगाने में जुटा है।

एक माह पूर्व नागझिरा के बाघिन की बनी रही दहशत

किसानों ने बताया कि करीब एक माह पूर्व देव नदी के रास्ते किरनापुर वन परिक्षेत्र में महाराष्ट्र राज्य के नागझिरा अभयारण्य से आई बाघिन के खेतों में विचरण करने से कामकाज प्रभावित हो गया था। उसके बाद वो बाघिन हट्टा की तरफ से लांजी की ओर चली गई और अब बाघ दिखने के बाद से खेतों में निदाई गुडाई कार्य बंद हो गया है और इससे किसानों ने खेतों की तरफ भी जाना बंद कर दिया।वहीं साथ में अपने मवेशियों को भी नहीं लेकर जा रहे है।

लोंडागी से जोधीटोला गांव के खेतों में एक बाघ को किसानों द्वारा विचरण करते देखा। इसकी जानकारी मिलने पर वन अमला मौके पर गया था। खेतों में बाघ के पगमार्क मिले है।किसानों को सतर्क रहने के साथ ही सूनसान इलाके में नहीं जाने की सलाह दी गई है। वन अमला उस क्षेत्र में गश्ती कर रहा है।

जगतदास खरे, वन परिक्षेत्र अधिकारी, दक्षिण सामान्य किरनापुर।

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